वादा फरामोशी के पांच साल

भारतीय जनता पार्टी के एक आम समर्थक से लेकर पार्टी अध्यक्ष तक को यह बात पता है कि बंगाल में अराजकता है। रोज कोई न कोई खबर छापी जाती है कि वहां दुर्गापूजा रुक गयी। हिंदुओं पर अत्याचार हो रहा है। मालदा के दंगों से लेकर अवैध रूप से बांग्लादेशी लोगों और रोहिंगयों तक के बंगाल में पसर जाने आदि आदि की खबरें खूब प्रसारित … पढ़ना जारी रखें वादा फरामोशी के पांच साल

अगर आज राम खुद बनारस में नरेंद मोदी जी के खिलाफ चुनाव में खड़े होते तो ?

प्रेम प्रकाश जी वरिष्ठ पत्रकार हैं और मेरे मित्र हैं। कम लिखते हैं पर लाजवाब लिखते हैं। उनकी एक रोचक लेख नीचे प्रस्तुत कर रहा हूँ। उसे पढ़ने के पहले मेरी यह बात भी पढ़ लीजिएगा। प्रेम प्रकाश जी ने कल्पना की है कि अगर भगवान राम स्वतः 29 तारीख को आ कर बनारस कचहरी में लोकसभा चुनाव के संदर्भ में अपना पर्चा दाखिल कर … पढ़ना जारी रखें अगर आज राम खुद बनारस में नरेंद मोदी जी के खिलाफ चुनाव में खड़े होते तो ?

नज़रिया – क्या यह बीमार होते हुये समाज का लक्षण नहीं है

उनका इरादा साफ है। जब तक पाकिस्तान रहेगा तब तक वे देश मे शिक्षा, स्वास्थ्य, रोज़गार आदि जनहित के मुद्दों पर कुछ नहीं करेंगे। न तो वे कोई बात करेंगे और न उनके समर्थक इन मुद्दों पर कोई सवाल उठाएंगे। विरोधी उठाते रहें सवाल और पूछते रहें जो भी मन हो, उससे उन्हें कोई फर्क ही नहीं पड़ता है। ऐसी मानसिकता उनकी बन गयी है। … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – क्या यह बीमार होते हुये समाज का लक्षण नहीं है

चुनावी मुद्दा बनती सेना और बिना लाइसेंस के चलता नमो टीवी चैनल

लोकसभा चुनाव 2019 देश का पहला चुनाव है जिसने दो बातें अनोखी हुयी हैं। हो तो और भी रही हैं पर जिन दो बातों का में उल्लेख कर रहा हूँ वह आज तक किसी चुनाव में नहीं हुई। एक तो नमो नाम से टीवी चैनल का प्रसारण और दूसरा सेना को चुनावी मुद्दा बनाना। क्या नमो टीवी पर चुनाव आयोग की चुप्पी, भाजपा के साथ … पढ़ना जारी रखें चुनावी मुद्दा बनती सेना और बिना लाइसेंस के चलता नमो टीवी चैनल

अंतरिक्ष कार्यक्रम और ASAT ए सैट की उपलब्धियां और चुनाव

ए सैट A SAT परीक्षण पर उठे सारस्वत के बयान से अंतरिक्ष कार्यक्रम और उससे जुड़ी अन्य परियोजनाओं की गोपनीयता भंग होने का खतरा हो गया है। कल तक ऐसी उपलब्धियों की चर्चा वैज्ञानिक समुदाय करता था, और लोगों के लिये यह बहुत रोचक और चर्चा का विषय नहीं बनता था। लोग वैज्ञानिकों की इस उपलब्धि को बिना किसी राजनीतिक चश्मे के सराहते थे, प्रशंसा … पढ़ना जारी रखें अंतरिक्ष कार्यक्रम और ASAT ए सैट की उपलब्धियां और चुनाव

ये मोदी और शाह की भाजपा है, इसको ‘दाग अच्छे लगते हैं’

जब सरकारी विभाग सत्ता की बांदी बन जाते हैं तो सुबूत भी सुबूत नही कहलाते . खुद आयकर विभाग ही अपने द्वारा जब्त की गयी चीजो पर संदेह करने लगता है क्योकि बिग बॉस ऐसा चाहते हैं. आखिर येदियुरप्पा को क्यो न बचाया जाए वह दक्षिण में बीजेपी का एकमात्र जाना पहचाना चेहरा है. येदियुरप्पा भारतीय जनता पार्टी का वो क्षेत्रीय चेहरा थे जिसकी वजह … पढ़ना जारी रखें ये मोदी और शाह की भाजपा है, इसको ‘दाग अच्छे लगते हैं’

लालकृष्ण आडवानी ने भारत को क्या दिया ?

लाल कृष्ण आडवाणी ( Lal Krishna Adwani ) की भारतीय राजनीति की देन पर हो सकता है आने वाले समय मे कोई विश्वविद्यालय शोध कराये और शोधपत्र प्रकाशित कराये। पर किन निष्कर्षों पर शोधार्थी और शोध पहुंचता है इसका अभी कोई अनुमान नहीं लगाया जा सकता है। पर एक बात मैं कह सकता हूँ कि, लाल कृष्ण आडवाणी की भारतीय राजनीति को जो देन रही … पढ़ना जारी रखें लालकृष्ण आडवानी ने भारत को क्या दिया ?

पहले चोरी, फिर फोटोकॉपी और अब तीन पन्ने छूट गए हुज़ूर

इस सरकार में सबसे अधिक धर्मसंकट में अगर कोई है तो देश के अटॉर्नी जनरल और सॉलिसिटर जनरल हैं। यह धर्म संकट राफेल मामले में सुप्रीम कोर्ट में हो रही सुनवायी को लेकर है। सरकार राफेल मामले में फंसी पड़ी है। पीएमओ ने सारी प्रक्रिया को ताक पर रख कर एक डिफाल्टर पूंजीपति को दसॉल्ट का ऑफसेट पार्टनर बनाने के लिये समानांतर बातचीत की जिसकी … पढ़ना जारी रखें पहले चोरी, फिर फोटोकॉपी और अब तीन पन्ने छूट गए हुज़ूर

किसानों को उल्लू बनाने के लिए बहुत ज़रूरी हैं राष्ट्रवाद के नारे – रविश कुमार

ग्रामीण इलाके में न सिर्फ खेती से आय घटी है बल्कि खेती से जुड़े काम करने वालों की मज़दूरी भी घटी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी इस असफलता को आतंकवाद और राष्ट्रवाद के जोशीले नारों से ढंकने की कोशिश में हैं मगर पांच साल में उस जगह को बर्बाद किया है जहां से किसान आता है और सेना के लिए जवान आता है। इसके बाद … पढ़ना जारी रखें किसानों को उल्लू बनाने के लिए बहुत ज़रूरी हैं राष्ट्रवाद के नारे – रविश कुमार

मोदी जी ! प्रधानमंत्री के पद की गरिमा का ख़याल रखिये

घर मे घुस के मारने की भाषा क्या, भारत जैसे महान और गौरवपूर्ण अतीत वाले देश के  प्रधानमंत्री की भाषा है ? आश्चर्य है। आतंकवाद ( Terrorism ) का दमन तो बिना  गुंडो और लफंगों की भाषा का प्रयोग किये भी हो सकता है । घर मे घुस के तो सेना को मारना है और वह घर मे हर बार सक्षमता से घुस कर मार … पढ़ना जारी रखें मोदी जी ! प्रधानमंत्री के पद की गरिमा का ख़याल रखिये

भारत से यूएस ट्रेड कन्सेशन वापस ले सकता है अमेरिका

अम्बानी के मोटे चुनावी चंदे की चाहत में मोदीजी ने अमेरिका को भी नाराज कर दिया है, कल खबर आई है कि अमेरिका, भारत से यूएस ट्रेड कन्सेशन वापस ले सकता है, जिसके तहत भारत के 5.6 अरब डॉलर (40 हजार करोड़ रुपए) के एक्सपोर्ट पर अमेरिका में कोई टैक्स नहीं लगता है. अगर ऐसा होता है तो भारत से एक्सपोर्ट होने वाले आइटम्स पर … पढ़ना जारी रखें भारत से यूएस ट्रेड कन्सेशन वापस ले सकता है अमेरिका

नितिन गडकरी मोदी को चुनौती दे रहे हैं या अपना बचाव कर रहे हैं

नितिन गडकरी फिर बोले हैं और कहा कि जनता सपने दिखा कर पूरे न करने वाले नेताओं की पिटाई भी करती है. ज़ाहिर है उनकी इस टिप्पणी को मोदी के ही संदर्भ में देखा जाएगा. पहले भी इसी तरह के बयान देकर वो मोदी को परोक्ष चुनौती दे चुके हैं. क्या ये समझा जाये कि उन्हे आरएसएस से आगे बढ्ने का इशारा मिल गया है. … पढ़ना जारी रखें नितिन गडकरी मोदी को चुनौती दे रहे हैं या अपना बचाव कर रहे हैं

झूठ के आसमान में रफाल की कीमतों का उड़ता सच- द हिन्दू की रिपोर्ट

सरकार जिस रफाल विमान को 9 प्रतिशत सस्ते दर पर ख़रीदने की बात करती है दरअसल वह झांसा दे रही है। द हिन्दू में छपी एन राम की रिपोर्ट से तो यही लगता है। एन राम कहते हैं कि प्रति विमान 41.42 प्रतिशत अधिक दाम देकर खरीदे जा रहे हैं। इस रिपोर्ट को पढ़ने के बाद लगता है कि कीमतों को लेकर संसद में हुई … पढ़ना जारी रखें झूठ के आसमान में रफाल की कीमतों का उड़ता सच- द हिन्दू की रिपोर्ट

देशहित में गेस्टहाउस कांड भुला दिया है – मायावती

शनिवार 12 जनवरी 2019 को सपा-बसपा ने लोकसभा चुनाव से पहले गठबंधन का लखनऊ में एलान कर दिया. दोनों ही पार्टीयों के प्रमुख मायावती और अखिलेश यादव ने इसका एलान किया. इस दौरान दोनों ने नरेंद्र मोदी और बीजेपी सरकार पर जमकर हमला बोला. इस दौरान सपा-बसपा ने एलान किया कि वह 38-38 सीटों पर चुनाव लड़ेंगी. दो सीटें रायबरेली व अमेठी में अपने उम्मीदवार … पढ़ना जारी रखें देशहित में गेस्टहाउस कांड भुला दिया है – मायावती

पाकिस्तानी ख़ुफ़िया एजेंसी चाहती है कि मोदी ही भारत के प्रधानमंत्री रहें?

21 मई 2018 को एक किताब प्रकाशित हुई थी जिसका नाम था ‘Spy Chronicles’ ये किताब पाकिस्तान की ख़ुफ़िया एजेंसी ISI के पूर्व डीजी असद दुर्रानी ने पूर्व रॉ चीफ ए. एस. दुलत के साथ मिलकर लिखी थी। पाकिस्तानी सेना इस किताब के प्रकाशन से तिलमिला गयी थी, उसने भारत-पाकिस्तान के रिश्तों पर छपी इसी किताब को लेकर असद दुर्रानी को तलब भी किया था। … पढ़ना जारी रखें पाकिस्तानी ख़ुफ़िया एजेंसी चाहती है कि मोदी ही भारत के प्रधानमंत्री रहें?

राफ़ेल पर मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से बोला ये झूठ

14 दिसंबर 2018 की सुबह राफेल मामले पर सुप्रीम कोर्ट का बहुप्रतीक्षित फैसला आ गया शाम तक यह भी साफ हो गया कि यह फैसला किस आधार पर लिया गया,………फैसले में कहा गया कि राफेल की कीमत से जुड़ी जानकारियां भारत के नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (CAG) से साझा की गई थीं, जिसने बाद में लोक लेखा समिति (PAC) को अपनी रिपोर्ट सौंपी ओर उसी को … पढ़ना जारी रखें राफ़ेल पर मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से बोला ये झूठ

कर्नाटक उप चुनाव ने मोदी के रास्ते में खड़ी की मुश्किलें

कर्नाटक के उप चुनाव में पांच में से चार सीटे पर पीछे रह कर बीजेपी के लिये तीन बड़ी मुश्किलें खड़ी हो गई हैं. बीजेपी बेल्लारी लोकसभा सीट पर भी बड़ी हार हुई है जो रेड्डी भाइयों का गढ़ माना जाता है और वो बीजेपी के लिये पानी की तरह पैसा बहाते हैं. पहली सबसे बड़ी मुश्किल है कि कांग्रेस के गठबंधन से बीजीपी अब … पढ़ना जारी रखें कर्नाटक उप चुनाव ने मोदी के रास्ते में खड़ी की मुश्किलें

नज़रिया – 1857 का राष्ट्रवाद, नरेंद्र मोदी और 2019

दिल्ली यूनिवर्सिटी छात्रसंघ चुनाव ABVP ने धांधली से जीता। सच्ची तस्वीर सामने आई मतगणना के छठे राउंड में। ABVP के उम्मीदवार NSUI से पीछे चल रहे थे। अचानक ईवीएम ने काम करना बंद कर दिया। कौटिंग रोक दी गयी। कुछ घंटो बाद जब कौटिंग शुरू हुई तो ABVP ने 4 में से 3 सीटें जीत ली! 2017 और 2018 में लगभग सभी छात्रसंघ चुनावों ABVP … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – 1857 का राष्ट्रवाद, नरेंद्र मोदी और 2019

क्या मोदी विरोध की कीमत चुका रहे हैं पूर्व IPS संजीव भट्ट?

एक तरफ विपक्ष एकजुट होने में लगा है तो वहीं दूसरी तरफ पूरे देश में केंद्र सरकार और भाजपा की आलोचना करने वाले सामाजिक कार्यकर्ताओं और आलोचकों को गिरफ्तार किया जा रहा है. लेखकों और मनाव अधिकार कार्यकर्ताओं की गिरफ़्तारी के बाद अब गुजरात में इस तरह का नज़ारा सामने आया है, पूर्व आईपीएस अधिकारी संजीव भट्ट समेत सात लोगों को 20 साल पुराने एक … पढ़ना जारी रखें क्या मोदी विरोध की कीमत चुका रहे हैं पूर्व IPS संजीव भट्ट?

नज़रिया – मोदी सरकार के मोस्ट फेवर्ड नेशन के PM के बुलावे पर गए थे सिद्धू

ये दौर दुनिया के लिए ‘सूचना क्रांति’ का दौर है मगर हमारे देश में ये दौर ‘सूचना भ्रान्ति’ का दौर है, इसकी वजह है दिन रात हिन्दू मुस्लिम का ज़हर थूकते न्यूज़ चैनल्स जो कि देश की जनता को सही सूचना न देकर भ्रमित कर सरकार की ढाल बने हुए हैं, देश में उन्माद पैदा करने की सुपारी लिए ये गिरोह रोज़ सुबह न्यूज़ रूम … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – मोदी सरकार के मोस्ट फेवर्ड नेशन के PM के बुलावे पर गए थे सिद्धू