2018 – और ये साल कुछ इस तरह बीत गया

नया साल मुबारक हो ये कहना आसान है, साल का हिस्सा निकाल कर देखो ये साल भी वैसा ही गया जैसे हर साल बीता है, राजनीतिक, सामाजिक, धार्मिक और आर्थिक हर पहलू में कोई न कोई कहानी छुपी है. इस साल फिर से नजीब नही मिला उसकी माँ ने दर- बदर की ठोकर खाई मगर नजीब का कोई निशान न मिला. इस साल फिर कश्मीर … पढ़ना जारी रखें 2018 – और ये साल कुछ इस तरह बीत गया

क्या सॉफ्ट हिंदुत्व के चक्कर में मोब लिंचिंग पर खामोश है कांग्रेस?

जब सारा देश मोबलिचिंग की आग की झुलस रहा है तो ऐसे में मध्यप्रदेश कैसे पीछे रह सकता है, मोब लिचिंग की आग यहां तक पहुंच गई अभी तक सुनते आ रहे थे की दलित-मुसलमानो का उत्पीड़न हो रहा है. आज हम भी उसके गवाह बन गए, घटना 15 तारीख की है सिरोंज से एक मुस्लिम परिवार अपनी क्वालिस गाड़ी से गंजबासौदा अपनो रिश्तेदारों से … पढ़ना जारी रखें क्या सॉफ्ट हिंदुत्व के चक्कर में मोब लिंचिंग पर खामोश है कांग्रेस?

असम में गाय चोरी के नाम पर पिटाई, एक की मौत

असम के बिस्वनाथ जिले में बुधवार को गाय चोर होने के संदेह पर भीड़ ने एक की हत्या कर दी और तीन लोग बुरी तरफ जख्मी हो गए हैं. गुरुवार को पुलिस ने इस घटना की जानकारी दी. पुलिस के अनुसार, यह घटना राज्य की राजधानी से लगभग 230 किमी दूर डिप्लोंगा चाय बागान में हुई थी. घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर … पढ़ना जारी रखें असम में गाय चोरी के नाम पर पिटाई, एक की मौत

नज़रिया – क्योंकि मुसलमान की लिंचिंग इस देश में वोट की खेती बन गया है

कुछ लोगों का तर्क है कि मुसलमान गाय से दूरियां बना लें तो वे हराम मौत मरने से बच जायेंगे। मैं इस तर्क से सहमत नहीं हूं, क्योंकि मुसलमान का लिंचिंग करके मारा जाना इस देश में वोट की खेती बन गया है। अगर मुसलमान गाय के बजाय भैंस का व्यापार करने लगें तो क्या गारंटी है कि भैंस के लाने ले जाने पर गौआतंकी … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – क्योंकि मुसलमान की लिंचिंग इस देश में वोट की खेती बन गया है

नज़रिया – “लिंचिंग की बढ़ती घटनाएं”, क्या भारत का “हिंदू तालिबानिकरण” हो रहा है?

स्वामी अग्निवेश पर हमला इस बात को प्रमाणित करने के लिये काफ़ी है कि  यह सरकार ना तो राष्ट्रवादी है, ना ही समाजवादी, ना ही हिंदूवादी, यह सिर्फ़ अवसरवादी है। क्यूंकि इस सरकार को सिर्फ़ ख़ुद के मफ़ाद से मतलब है, इसे सिर्फ़ सत्ता प्यारी है,और इस के लिये यह हर तरह के हथकंडे अपनाएगी। याद रखो जो क़ौम अपने बुज़ुर्गों की इज़्ज़त नहीं करती … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – “लिंचिंग की बढ़ती घटनाएं”, क्या भारत का “हिंदू तालिबानिकरण” हो रहा है?

नज़रिया – क्या हिंदू वोट खोने के डर से “मोब लिंचिंग” पर चुप हैं राहुल गांधी?

प्रधानमंत्री Narendra Modi के तीन मंत्री हैं, एक Dr. Mahesh Sharma वे अखलाक के हत्यारोपी की लाश पर तिरंगा चढ़ाते हैं, उसकी लाश को नमन करते हैं, लेकिन पीड़ित परिवार से नही मिलते, दूसरे हैं Giriraj Singh वे बिहार के दंगाईयों से जेल में मिलने जाते हैं, वे भी उन लोगों से नहीं मिलते जिनका दंगों में जान माल का नुकसान हुआ है। तीसरे हैं Jayant Sinha वे अदालत से अलीमुद्दीन के कत्ल … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – क्या हिंदू वोट खोने के डर से “मोब लिंचिंग” पर चुप हैं राहुल गांधी?

प्रधानमंत्री गाय के लिए तो संवेदना रखते है परंतु अखलाक, पहलू, जुनेद के लिए नही

मुझे गर्व है की हमारे पास ऐसे प्रधानमंत्री है जो प्रत्येक जीव मात्र के लिए संवेदनाओं से भरे हुए है । हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की संवेदनाओं का में कायल हु । हमारे प्रधानमंत्री जी से एक बार पत्रकार ने 2002 गुजरात दंगों पर कुछ प्रश्न पूछा तो जवाब में मोदी जी ने कहा कि जब एक कार के नीचे कुत्ता भी आजाता … पढ़ना जारी रखें प्रधानमंत्री गाय के लिए तो संवेदना रखते है परंतु अखलाक, पहलू, जुनेद के लिए नही

गौ रक्षा के नाम पर इंसान से भेड़िये तक का सफर

आज भारत बहुत बुरे दौर से गुजर रहा है, एक ऐसे डर के माहौल में जी रहा है जो असल मे घुट घुट कर मरना ही है । गौ पालक आज गाय पालने से डर रहे है, पता नही कब कोई भेड़ियो का समूह गौ रक्षक के रैप में आ जाए और बिना सच जाने, बिना कुछ पूछे, गौ पालक को बेरहमी से मौत के … पढ़ना जारी रखें गौ रक्षा के नाम पर इंसान से भेड़िये तक का सफर

डरता हूँ कि कहीं इस डर से लोग सच बोलना न बंद कर दें

एक साया सा फ़ैल गया है हर सिम्त दिल के भीतर / और वहीं बैठ गया है चुपचाप आजकल एक डर मन करता है उस डर को उलीच दूँ यहां पर डर को उलीचना और भी ज्यादा डर से भर जाना है. सामने पार्क में खेलता बच्चा जोर से हंसता है और मैं उसकी हंसी सुन डर जाता हूँ कि कहीं कोई उन्मादी भीड़ न … पढ़ना जारी रखें डरता हूँ कि कहीं इस डर से लोग सच बोलना न बंद कर दें