क्या आपने खुशवंत सिंह का उपान्यास “सनसेट क्लब पढ़ा है ?

“सनसेट क्लब” राजपाल प्रकाशन से आया ये उपन्यास उन तीन बूढें दोस्तों की दोस्तों की दास्तां जो हर शाम में वहां आतें थे और फिन भर की बातों को दुनिया से अलग बेठें एक दूसरे से बयान करतें थे। लेकिन इस बात को किस तरह शब्दों की खूबसूरती में उकेरते हुए लिखा जा सकता है ये सिर्फ “खुशवंत सिंह” ही जानते है क्योंकि यहां उन्होंने … पढ़ना जारी रखें क्या आपने खुशवंत सिंह का उपान्यास “सनसेट क्लब पढ़ा है ?