संघ के मंच पर कभी नहीं गए अंबेडकर

अम्बेडकर के समय में देश में कांग्रेस थी, वामपंथ था, संघ भी था। अम्बेडकर की इन तीनों से मतभेद थे। लेकिन अम्बेडकर अपनी असहमति के साथ कांग्रेस के मंच पर जाया करते थे, कम्युनिस्टों के प्रोग्राम में भी जाकर अपनी बात रखते थे। लेकिन इसका कहीं भी प्रमाण नहीं मिलेगा कि बाबा साहेब आरएसएस के किसी प्रोग्राम में भाग लिए हों। संघियों को तो देखकर … पढ़ना जारी रखें संघ के मंच पर कभी नहीं गए अंबेडकर

नज़रिया – बदले बदले से मोहन भागवत, आखिर माजरा क्या है ?

संघ प्रमुख मोहन भागवत का भाषण चर्चा का विषय बना हुआ है। लोग उनके भाषण के निहितार्थ निकालने में लगे हैं। जिनका संघ के बारे में अध्ययन नहीं है, वे इसे संघ में बदलाव की संज्ञा दे रहे हैं। लेकिन न संघ बदला है, न ही कभी बदलेगा। दरअसल मोहन भागवत के भाषण को उसके पुराने आचरण से ही समझना होगा। इतिहास गवाह है कि … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – बदले बदले से मोहन भागवत, आखिर माजरा क्या है ?

शादी का झांसा देकर बंगाल भाजपा कार्यकर्ता का रेप करता था आरएसएस नेता

संघ की सहयोगी संस्था अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के एक वरिष्ठ नेता को सोमवार (17 सितंबर) को दिल्ली से बंगाल की भाजपा कार्यकर्ता से बार-बार बलात्कार के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. महिला ने अमलेंदु चट्टोपाध्याय के खिलाफ बीते 31 अगस्त को बलात्कार का मामला दर्ज कराया था. महिला ने आरोप लगाया कि अमलेंदु ने शादी का झांसा देकर उसका यौन उत्पीड़न किया. महिला … पढ़ना जारी रखें शादी का झांसा देकर बंगाल भाजपा कार्यकर्ता का रेप करता था आरएसएस नेता

11 साल से चल रहा था मुक़दमा, बहस पूरी नहीं हुई और जज ने मान लिया दोषी

कभी एक फिल्म आई थी रुका हुआ फैसला लेकिन आज जो मेरे सामने गुजरा- बहस की तारीख पर आया एक लिखा हुआ फैसला। आतंकवाद के मामलों में मुकदमें लड़ने वाले अधिवक्ता मुहम्मद शुऐब ने अचरज के साथ यह बात कही। वे कहते हैं कि 16 अगस्त 2018 को जेल कोर्ट लखनऊ में तारिक कासमी और मोहम्मद अख्तर का मुकदमा सुनवाई के लिए लगा था। अपनी … पढ़ना जारी रखें 11 साल से चल रहा था मुक़दमा, बहस पूरी नहीं हुई और जज ने मान लिया दोषी

असम में NRC से सिर्फ़ बंगाली मुस्लिम नहीं, बल्कि हिन्दू भी प्रभावित हैं

बस इतना समझ लीजिये कि 40 लाख सिर्फ मुस्लिम नहीं हैं. उसमें वो सभी लोग हैं, जो बंगाली भाषी हैं. उसमें हिन्दू और मुसलमान दोनों हैं. क्योंकि असमिया लोगों को बंगाली बर्दाश्त नहीं, उनकी नज़र में हर बांगलाभाषी बांग्लादेशी है. अब सवाल ये है, कि जब ये मामला पूर्णतः असमिया और बंगाली के बीच की लड़ाई है, तो इसे सांप्रदायिक रंग किसने दिया ? सवाल … पढ़ना जारी रखें असम में NRC से सिर्फ़ बंगाली मुस्लिम नहीं, बल्कि हिन्दू भी प्रभावित हैं

नज़रिया – क्या शहरी माओवादी वाला सारा मामला 2019 का चुनाव प्रचार है ?

मोदी को मारने वाली पहले की तमाम कहानियां झूठी साबित हो चुकी हैं. कोई आदमी राजनीतिक फ़ायदे के लिए “ख़ुद की हत्या” तक की कहानी कैसे लगातार ठेल सकता है? कितना असंवेदनशील आदमी है ये? Rona Wilson प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की हत्या का प्लॉट रच रहे थे! सीरियसली? मोदी साहब को अपनी जान का ख़तरा दिखाने की पुरानी आदत है. 2005-06 में एक समूचा संगठन ही … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – क्या शहरी माओवादी वाला सारा मामला 2019 का चुनाव प्रचार है ?

नज़रिया – प्रणब दा का भाषण और कांग्रेस का डैमेज कंट्रोल

कल से कांग्रेस डैमेज कंट्रोल मे जुटी है कि’ प्रणव दा ‘ ने संघ के कार्यक्रम मे जाकर” यह कह दिया , वो कह दिया ” मुझे तो ऐसा कुछ ख़ास सुनाई नही दिया कि जिससे संघ को शर्मिंदा होना पड़ा हो, जहां तक राष्ट्र , राष्ट्रवाद और राष्ट्रीयता की बात करने का सवाल है तो यही बातें तो बदले अर्थों के साथ संघ भी … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – प्रणब दा का भाषण और कांग्रेस का डैमेज कंट्रोल

हेडगेवार को प्रणब मुखर्जी ने कहा “भारत माता का महान सपूत”

प्रणब मुखर्जी गुरुवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के मुख्यालय पहुंचे. मुख्यालय में अपना बहुप्रतीक्षित भाषण देने से पहले प्रणब आरएसएस के संस्थापक डॉ. केबी हेडगेवार की जन्मस्थली पर गए और उन्हें श्रद्दांजलि अर्पित की. प्रणब मुखर्जी ने विजिटर बुक में हेडगेवार के बारे में अपने विचार भी जाहिर किए. पूर्व राष्ट्रपति और कांग्रेसी नेता रहे प्रणब मुखर्जी ने विजिटर बुक में लिखा, ‘आज मैं यहां … पढ़ना जारी रखें हेडगेवार को प्रणब मुखर्जी ने कहा “भारत माता का महान सपूत”

नज़रिया – ये किसी भी सभ्यता के ख़त्म होने की शुरुआत का संकेत होता है

 कृष्ण यादव अमेरिका में 9/11 के बाद मुस्लिमों के साथ जो हुआ उसपर अमरीका के बाहर बहुत सी फिल्में बनी, लेकिन अमेरिका में नहीं बनी। क्यों ? कारण ये था की जॉर्ज बुश ने अपने ही देश में प्रजा को रोने या शोर मचाने का freedom ही नहीं दिया । जो भी human rights की बात करता था उसके ही देशप्रेम पर मीडिया और भीड़ … पढ़ना जारी रखें नज़रिया – ये किसी भी सभ्यता के ख़त्म होने की शुरुआत का संकेत होता है

मीडिया और पत्रकारों को साध रहा संघ

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने करीब सालभर से छवि सुधारने की मुहिम छेड़ रखी है। इस दौरान 10 हजार पत्रकारों सहित 40 हजार प्रोफेशनल्स से संपर्क किया गया। संघ से रूबरू करवाने के लिए सात प्रांतों में 540 पत्रकारों के साथ बैठकें की गईं। वहीं, संघ के बारे में पॉजीटिव रिपोर्ट छापने वाले 1300 पत्रकारों को सम्मानित भी किया। यह खुलासा संघ की अंदरूनी रिपोर्ट में … पढ़ना जारी रखें मीडिया और पत्रकारों को साध रहा संघ

क्या प्रणब मुखर्जी के बहाने संघ के निशाने में है बंगाल ?

पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी आरएसएस के एक प्रोग्राम में शामिल होने वाले हैं, जहाँ पर वो अपना संबोधन भी देंगे. प्रणब मुखर्जी के इस क़दम से राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर चालु हो गया है. उनके इस क़दम पर कहीं आलोचना तो कहीं समर्थन दिखाई दे रहा है. प्रणब मुखर्जी 7 जून को आरएसएस मुख्यालय में संघ के कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे. यह कार्यक्रम नागपुर … पढ़ना जारी रखें क्या प्रणब मुखर्जी के बहाने संघ के निशाने में है बंगाल ?

RSS जिन्ना के वंशजो के पैसों पर फली-फूली है, उसे जिन्नाह से क्या दिक्कत होगी ?

अलीगढ़ मे RSS का पूर्व उप महामहिम पर हमला, ईज़रायल की साठ-गांठ से भारत के संविधान पर हमला है! दिनांक 2 मई को अलीगढ़ मुस्लिम विश्व विद्यालय (AMU) का माहौल खुशनुमा था। पूर्व उप-राष्ट्रपति श्री हामिद अंसारी का सम्मान होना था। दोपहर को अचानक ABVP, RSS इत्यादी के 15-20 गुंडे, पिस्तौल हिलाते हुए, बक़ायदा पुलिस सुरक्षा मे, कैम्पस मे प्रवेश करते हैं। भद्दे-भद्दे नारे लगाते … पढ़ना जारी रखें RSS जिन्ना के वंशजो के पैसों पर फली-फूली है, उसे जिन्नाह से क्या दिक्कत होगी ?

भाजपा मेनिफेस्टो में बंगाल की बताकर छापी बांग्लादेश की तस्वीरें

पश्चिम पंगाल की राजनीति में उस वक़्त भूँचाल आ गया , जब इस बात का खुलासा हुआ की भारतीय जनता पार्टी ने बांग्लादेश की तस्वीरों को बंगाल का बताकर दुष्प्रचार शुरू किया है. दरअसल बंगाल में पंचायत चुनाव होने हैं, जिसमें भारतीय जनता पार्टी किसी भी तरह जीत हासिल करना चाहती है, इसीलिए वोह बंगाल में खुले तौर पर हिन्दू मुस्लिम वोट के बीच में … पढ़ना जारी रखें भाजपा मेनिफेस्टो में बंगाल की बताकर छापी बांग्लादेश की तस्वीरें

क्या है संघ का सोशलमीडिया विरोधी विचार

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ(आरएसएस) का अब तक का सबसे विशाल समागम ‘राष्ट्रोदय’ रविवार को मेरठ में हुआ तीन लाख से अधिक स्वयंसेवक इस समागम का हिस्सा बने। संघ प्रमुख मोहन भागवत ने अपने पिछले भाषणों व बयानों की तरह ही यहाँ ही कट्टर हिन्दू होने की परिभाषा समझाने की कोशिश की। 35 फ़ीट ऊंचे मंच से संबोधन में भागवत ने कहा कि पंथ कोई भी … पढ़ना जारी रखें क्या है संघ का सोशलमीडिया विरोधी विचार

जो RSS का सक्रिय स्वयंसेवक नहीं, वो हिंदू नहीं

जब से भाजपा केंद्र में सत्ता में आयी है तब से भाजपा के नेता आये दिन कुछ ना कुछ ऊंटपटांग बोल और विवादित भाषण देते ही रहते हैं. हिंदुत्व का झंडा उठाकर चल रही भाजपा ने कांग्रेस के साफ्ट हिंदुत्व के खिलाफ एक नया कार्ड खेला है. विवादित और नफ़रत भरे बयानों से भरा हुआ है, टी राजा का कैरियर हैदराबाद के विवादित भाजपा विधायक … पढ़ना जारी रखें जो RSS का सक्रिय स्वयंसेवक नहीं, वो हिंदू नहीं

तिरंगा यात्रा में मुस्लिम-विरोधी नारे और भगवा झंडे क्यों ?

यूपी के कासगंज में तिरंगा यात्रा के बाद हुई एक मौत के बवाल मचा हुआ है, सोशलमीडिया में एक समुदाय विशेष को टारगेट करके मैसेज चलाये जा रहे हैं. कि  फलां समुदाय के लोगों ने तिरंगा यात्रा पर हमला कर दिया. पर वास्तविकता सोशल मीडिया में चल रहे मैसेजेज़ से बिलकुल अलग है. इस घटना पर इतिहासकार अमरेश मिश्रा ने अपनी फेसबुक वाल पर एक … पढ़ना जारी रखें तिरंगा यात्रा में मुस्लिम-विरोधी नारे और भगवा झंडे क्यों ?

भीमा कोरेगांव में दलितों एवं भगवा संगठनों के मध्य हिंसा

महराष्ट्र में जगह-जगह दलितों एवं दक्षिणपंथी समूहों के बीच झड़प की ख़बर मीडिया में आ रही है. यह झड़प और हिंसा पुणे जिले में भीमा-कोरेगांव की लड़ाई की 200वीं सालगिरह पर आयोजित कार्यक्रम के बाद हुई है. हिंसा में एक व्यक्ति की मौत हो गई है और 40 से ज्यादा वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया है. क्या है भीमा कोरेगांव की लड़ाई … पढ़ना जारी रखें भीमा कोरेगांव में दलितों एवं भगवा संगठनों के मध्य हिंसा

RSS के पहले, अंग्रेज़ों ने रची थी ताज महल को ध्वस्त करने की साज़िश!

ताज महल और उत्तर भारत का वर्ग संघर्ष RSS द्वारा स्वतंत्रता संग्राम आन्दोलन से दूरी अख्तियार करने की वजह से अंग्रेज़ सरकार ने इनाम के तौर पर इनको फलने फूलने दिया। संघ के लोग अंग्रेज़ सरकार के लिए स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की जासूसी करते थे। संघ और अंग्रेज़ दोनों को ही मुग़लों से भारी नफरत रही है। औपनिवेशवाद और फ़ासीवाद के विरोध के प्रतीक के … पढ़ना जारी रखें RSS के पहले, अंग्रेज़ों ने रची थी ताज महल को ध्वस्त करने की साज़िश!